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आचार संहिता लगते ही एक्शन मोड में आया पुलिस एवं जिला प्रशासन, जावरा की सभा पार्टी खर्चे में जुड़ेगी, जावरा में ही शुरू हुई जनप्रतिनिधियों से शासकीय वाहनों को जमा करने की कार्रवाई, बॉर्डर पर शुरू हुई जांच, जानिए और क्या क्या है तैयारी और वो सब जो आपके लिए जानना है जरुरी

रतलाम,6अक्टूबर(खबरबाबा.काम)। प्रदेश में चुनाव को लेकर जावरा से हुए भाजपा के चुनावी शंखनाद के साथ ही चुनाव आचार संहिता लगने से यहां आयोजित किसान सम्मलेन का पूरा खर्च पार्टी खर्च में जोड़ा जाएगा। इसमें पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह व सीएम शिवराजसिंह चौहान के हेलीकॉप्टर का खर्च भी शामिल किया गया है। इसके साथ ही यहां आए मंत्रियों के वाहनों को भी जमा करा लिया है, जिसके चलते उन्हे निजी वाहनों से जाना पड़ा।

आचार संहिता लगते साथ ही पुलिस और जिला प्रशासन भी एक्शन मोड में आ गया है। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने आचार संहिता लगने के बाद जिला प्रशासन द्वारा की गई उक्त कार्रवाई की जानकारी दी, वहीं आचार संहिता के बाद अधिकारियों की बैठक लेकर भी आवश्यक दिशा निर्देश दिए ।

पुलिस की बार्डर चैकिंग होगी शुरु

राजस्थान की सीमा से सटे प्रतापगढ़, बांसवाड़ा व झालावाड़ में पुलिस 15 चेक पोस्ट व चौकियां शुरू कर रही है। यहां से जिले में प्रवेश करने वाले हर वाहन की पुलिस जांच करेगी। वहीं संदिग्ध नजर आने पर उनकी जांच कर कार्रवाई करेगी।

एसपी गौरव तिवारी ने बताया कि चुनावी तैयारियों के चलते अब तक 1200 लाइसेंसी शस्त्र जमा करा लिए गए है। जिले में कुल 3808 शस्त्र लाइसेंसी है। शेष शस्त्र व लाइसेंस अगले एक सप्ताह में संबंधित थानों पर जमा कराने की कार्रवाई पूरी कर ली जाएगी। जिले में करीब आठ हजार लोगों पर पुलिस की नजर है, जिनमें से 3100 बदमाशों को बांड ओवर कर लिया है।

चुनाव में सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस ने सुरक्षा बलों की 25 कंपनियों की मांग की है, जो कि 15 से रतलाम में आना शुरू हो जाएगी। इनके आने के बाद फ्लैग मार्च भी निकाला जाएगा। जिले में 3531 वारंटियों पर कार्रवाई पुलिस ने की। इनमें स्थाई, गिरफ्तारी व फरार वारंटी शामिल है। 1830 चिन्हित लोगों की गिरफ्तारी शेष है, जिनके लिए थाना स्तर पर टीमें गठित की है।

आदर्श आचरण संहिता के प्रावधानों का कड़ाई से पालन होगा

भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विधानसभा निर्वाचन 2018 के कार्यक्रम की विधिवत् घोषणा की जा चुकी है। निर्वाचन की घोषणा के साथ ही आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील हो गई है। आदर्श आचरण संहिता का पालन करने के लिए सभी अनुविभागीय अधिकारियों एवं रिटर्निंग अधिकारियो को निर्देश दिए जा चुके हैं। निर्वाचन अवधि के दौरान आदर्श आचरण संहिता के प्रावधानों का कडाई से पालन किया जाएगा।

कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती रुचिका चौहान ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित पत्रकार वार्ता में मीडियाजनों को निर्वाचन कार्यक्रम एवं किए गए उपायों की जानकारी देते हुए उक्त बात कही। इस दौरान जिला पुलिस अधीक्षक श्री गौरव तिवारी एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। कलेक्टर श्रीमती चौहान ने बताया कि रतलाम जिले में 5 विधानसभा क्षेत्रों में कुल 1267 मतदान केन्द्र हैं, जिले में कुल मतदाताओं की संख्या 9 लाख 77 हजार 981 है,जिनमें पुरुष मतदाता 4 लाख 97 हजार 221 एवं महिला मतदाता 4 लाख 80 हजार 734 हैं। 26 अन्य मतदाता भी इसमें शामिल हैं तथा सेवा मतदाताओं की संख्या 447 है। उन्होंने बताया कि आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील होने के साथ ही सम्पत्ति विरूपण अधिनियम का सख्ती से पालन प्रारम्भ हो चुका है। दिवारों पर, सार्वजनिक स्थलों पर, चौराहों, शासकीय, अर्द्धशासकीय सम्पत्ति पर लगे बैनर, पोस्टर, झण्डे जो संहिता के उल्लंघन की सीमा में आते हैं, उन्हें तत्काल हटाने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर ने बताया कि जिले में विभिन्न निगरानी दल, स्थायी निगरानी दल, वीडियो निगरानी दल, सेक्टर मजिस्ट्रेट, झोनल मजिस्ट्रेट आज से ही सतत् भ्रमण करेंगे। सभी क्रिटिकल इवेन्ट्स की वीडियोग्राफी होगी तथा स्थापित नाकों पर गहन चैकिंग प्रारम्भ कर दी गई है। उन्होंने बताया कि जिला स्तर पर नवीन कलेक्टोरेट भवन कार्यालय में काल सेन्टर स्थापित किया गया है, जिसका फोन नम्बर 07412-270487 है। जिला मुख्यालय पर शिकायत सेल का गठन भी किया जा चुका है।

अभ्यर्थियों का पृथक से बैंक खाता खोला जाएगा

कलेक्टर श्रीमती चौहान ने बताया कि निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों को अधिकतम व्यय सीमा 28 लाख रूपये निर्धारित है, यदि व्यय इससे अधिक होता है तो उसकी निर्वाचन अर्हता समाप्त हो जाएगी। निर्वाचन लडने वाले अभ्यर्थियों का पृथक से बैंक खाता खोला जाना अनिवार्य है, इसके लिए जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक को निर्देशित किया गया है जो इस सम्बन्ध में पर्याप्त व्यवस्था करेंगे। कलेक्टर ने कहा कि चुनाव अभ्यर्थी विधिवत अनुमति प्राप्त कर अपना निर्वाचन प्रचार-प्रसार करें तथा उस पर किये गये खर्च का प्रतिदिन ब्यौरा आरओ को दें। इसी के साथ आरओ स्तर पर एक शैडो रजिस्टर भी तैयार किया जाएगा, जिसमें प्रत्येक प्रत्याशी के खर्च का ब्यौरा दर्ज किया जाएगा।

अवैध खर्च करने पर निर्वाचन व्यय में जोड़ने के साथ ही एफआईआर भी

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि किसी भी दल या प्रत्याशी द्वारा यदि मतदाता को रिश्वत देना,शराब, साड़ी या अन्य सामान वितरित करना, अवैध रूप से परिवहन करना, भोज देना अथवा मतदाता को लुभाने के लिये कोई व्यय पाया जाता है तो यह खर्च सम्बन्धित प्रत्याशी के निर्वाचन व्यय में तो जुड़ेगा ही, साथ ही सम्बन्धित के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए राज्य पुलिस बल एवं केन्द्रीय पुलिस बल के व्यापक इंतजाम रहेंगे।