Home मध्यप्रदेश जनगणना 2021: 31 दिसंबर 2019 की स्थिति में प्रत्येक गांव और नगरी...

जनगणना 2021: 31 दिसंबर 2019 की स्थिति में प्रत्येक गांव और नगरी क्षेत्र की सीमा को दिया गया है अंतिम रूप

रतलाम 20 फरवरी 2020/ जनगणना 2021 के लिए रतलाम में दिया जा रहा प्रशिक्षण 20 फरवरी को संपन्न हुआ। प्रशिक्षण भोपाल से आए हुए जनगणना कार्य निदेशालय के श्री अशोक चौबे एवं श्री मनोज नथानी द्वारा दिया गया।

जनगणना 2021 के प्रथम चरण के कार्य हेतु जिला स्तर पर चल रहे जिला स्तरीय प्रशिक्षण के द्वितीय सत्र के अंतिम दिन नगर निगम रतलाम के आयुक्त एंव प्रमुख जनगणना अधिकारी श्री एस.के.सिंह तथा जिले के सभी 18 चार्ज अधिकारियो सहित चार्ज स्तर पर जनगणना का कार्य संपादित करने वाले सहयोगी कार्मिको सहित 60 कार्मिको को विस्तृत रूप से प्रशिक्षण दिया गया।

मास्टर ट्रेनर्स ने बताया कि जनगणना 2021 के कार्य को दृष्टिगत रखते हुए 01 जनवरी 2020 से 31 मार्च 2021 तक प्रशासनिक इकाईयों की सीमाओं में कोई परिवर्तन नहीं किया जायेगा। 31 दिसंबर 2019 की स्थिति में राज्य के प्रत्येक जिले के गांवों और नगरीय क्षेत्रों की सीमा सूची को अंतिम रूप दिया गया है जिनमें मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का कार्य किया जाना है। यदि कोई गांव एक से अधिक तहसील में आता हो तो ऐसी स्थिति में उस गांव के अलग-अलग मकान सूचीकरण ब्लॉक बनाये जाये। जनगणना 2011 के पश्चात् नगरीय निकायों के वार्डों में हुए परिसीमन के कारण गणना ब्लॉक वर्तमान में दो या अधिक वार्डों में विभक्त हो गये हैं तो ऐसे गणना ब्लॉकों को संबंधित वार्ड में अलग-अलग मकान सूचीकरण गणना ब्लॉक बनाया जायेगा इस बात का विशेष रूप से ध्यान रखा जाना आवश्यक है। जनगणना 2021 के मकान सूचीकरण ब्लॉक तैयार करते समय ग्रामीण और नगरीय दोनों क्षेत्रों के जनगणना 2011 के गणना ब्लॉक की सीमाओं को अक्षुण्ण रखा जाना है।

डॉटा संग्रहण कार्य मोबाइल एप के माध्यम से किया जायेगा। राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर में शामिल करने के लिये वे व्यक्ति गणना के पात्र हैं जो गणना की पूरी अवधि के दौरान परिवार में मौजूद हैं, जो परिवार के सामान्य निवासी है और गणना अवधि के कुछ भाग में वहां रह चुके हैं, जो परिवार के सामान्य निवासी हैं लेकिन प्रगणक के क्षेत्र भ्रमण के समय मौजूद नहीं है और गणना की अवधि के भीतर वापस लौटने की संभावना है। यहां यह ध्यान देने योग्य बात यह है कि आगंतुक, घरेलू नौकर, किरायेदार, ड्राईवर या अन्य ऐसे व्यक्ति जो परिवार के साथ रहते हुए पाये जाते हैं और उक्त तीनों शर्तों को पूरा करते हैं उन्हें गणना में शामिल किया जाना चाहिये। राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर में राजनयीक दर्जे वाले विदेशी नागरिक शामिल नहीं होंगे। हालांकि विदेशी नागरिकों जो राजनयिक नहीं होते और उनके साथ विदेशी दूतावास में रहने और काम करने वाले भारतीय नागरिकों को सम्मिलित करना होगा। मकान सूचीकरण ब्लॉक के भीतर पाये जाने वाले प्रत्येक परिवार को सम्मिलित करना है। असैनिक क्षेत्रों में निवास कर रहे रक्षा और इसी तरह की सेवा कार्मिकों को परिवार की गणना सामान्य परिवारों की भांति की जावेगी। प्रगणक को आवंटित गणना ब्लॉक का नजरी नक्षा तैयार करते समय समस्त संस्थागत परिवारों के निवास स्थान जैसे-बोर्डिंग हाउस, मेस, होस्टल, होटल, बचाव घर, सुधार गृह, भिक्षु गृह, जेल, आश्रम, वृद्धाश्रम, बालगृह, अनाथालय आदि की पहचान की जाना है। यदि संस्थागत परिवार के वार्डन, भृत्य तथा माली के परिवार पृथक जनगणना मकान में रहते हैं और पृथक से स्वयं के लिये खाना पकाते हैं तो प्रत्येक परिवार को एक अलग परिवार माना जायेगा और उनके द्वारा निवासरत मकान को एक अलग जनगणना मकान माना जायेगा। एक पेइंग गेस्ट आवास को तभी संस्थागत माना जायेगा जब वह पेइंग गेस्ट आवास पंजीकृत हो। यदि वो पंजीकृत नहीं है तो वह सामान्य परिवार माना जावेगा। राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर में बेघर परिवारों की गणना भी की जायेगा जिन्हें अंतिम दिवस अर्थात् 14 जून 2020 की सायं को बेघर परिवारों का राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर कार्य किया जावेगा जब वे रात्रि में ठहरते हैं। गणना की अवधि के दौरान ऐसे सभी स्थानों को सूचीबद्ध/चिन्हित किया जायेगा जहां सामान्य रूप से बेघर जनसंख्या रात्रि में रहते/सोते हैं।

राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर 2020 की बुकलेट को अद्यतन करने और बुकलेट में पूर्व से दर्ज जानकारी के संबंध में उत्तरदाता से पूछे जाने वाले प्रश्नों के संबंध में मार्गदर्शन दिया गया। राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर 2020 मोबाइल एप का इंस्टालेशन, रजिस्ट्रेशन, डेटा संग्रह हेतु विकसित किये गये एप के बारे में प्रायोगिक रूप से जानकारी दी गई। सेंसस मेनेजमेंट एण्ड मॉनीटरिंग सिस्टम पोर्टल के बारे में जानकारी देते हुए बतलाया गया कि इस पोर्टल के माध्यम से पूरे देश की प्रगति को देखा जा सकता है। इसी पोर्टल के माध्यम से प्रगणक और पर्यवेक्षकों के कार्य की प्रगति, इनके नियुक्ति पत्र, प्रशिक्षण, गणना ब्लॉक का सृजन, मकान सूचीकरण एवं जनसंख्या की गणना के लिये गणना ब्लॉक का आवंटन तथा कार्य पूर्ण होने पर मानदेय राशि का भुगतान होगा। जिसके लिये आवश्यक है कि प्रत्येक चार्ज अधिकारी, फील्ड ट्रेनर्स, प्रगणक एवं पर्यवेक्षक अपने से संबंधित जानकारियां सही-सही दर्ज करें।