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दो दवसीय जिला स्तरीय करियर अवसर मेले को मिला भरपूर प्रतिसाद विद्यार्थियों में दिखा दूसरे दिन भी उत्साह

रतलाम 2 फरवरी 2020/ शासकीय कला एवं विज्ञान महाविद्यालय रततलाम में आयोजित दो दिवसीय करियर अवसर मेले के दूसरे दिन चार नई कंपनियों के आगमन के साथ प्रेरक विशेष उद्बोधन का कार्यक्रम भी आयोजित हुआ। रोजगार प्रदाता कंपिनयों इप्का लेबोरेटरीज प्रा. लि. रतलाम, अम्बी वाइनरी, एक्शन फुटवियर एवं ब्यूटी सेलून (ट्रेनर) ने भी अपने स्टाल लगाए। मेले में द्वितीय दिवस भी पंजीयन हेतु विद्यार्थियों में उत्साह देखा गया।  शनिवार को 519 विद्यार्थियों ने पंजीयन करवाया, जिसमे से 177 विद्यार्थियों को प्लेसमेंट दिया गया।

विशेष उद्बोधान कार्यक्रम युवा उद्यमियों द्वारा कौशल विकास पर दिया गया, प्रमुख वक्ता तेज ब्रांड अगरबत्ती के श्री निलेश जैन एवं डेला ग्रीन फूड प्रा. लि. जावरा की ब्रांडिग मैनेजर इवा चावला रहे। अतिथियों का स्वागत महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. संजय वाते, करियर मार्गदर्शन प्रकोष्ठ प्रभारी डॉ. स्वाति पाठक, डॉ. कविता ठाकुर एवं डॉ. विजय कुमार सोनिया ने किया। डॉ. स्वाति पाठक ने मेले की रूपरेखा बताते हुए कहा कि मेले द्वारा रोजगार प्रदाता एवं रोजगार प्रदाताओं का मेल होता है । विद्यार्थी प्रेरित होकर स्वरोजगार अपना कर रोजगार प्रदाता बनें, अपने आपको की उद्यमी के रूप में कल्पना करें।

अतिथि वक्ता के रूप में उद्यमी श्री निलेश जैन ने कहा कि आप जिस क्षेत्र में जाएं उसमें आगे बढे । कुछ एक्स्ट्रा करें भीड का हिस्सा बन कर न रहे, तरक्की करनी है तो अनुभवों का लाभ ले। स्वयं की डिमांड क्रियेट करें, परिस्थितियों से विवश होकर स्वयं की आदते न बिगाडे, संभावनाएं तलाशे। इतिहास में सफल होने वाले लोगों के पास कुछ नही था परन्तु सोच बडी थी। गरीब-अमीर मायने नही रखते, मायने यह है कि आपकी सोच बडी हो। व्यवहारिक ज्ञान रखे, ईमानदार रहे । उद्यमी बनने के लिये एक्जीबिशन में जाए आपके दबे हुए विचार खुल जाएंगे । भविष्य का सोचकर योजनाएं बनाएं और पॉजिटिव रहे।

अतिथि वक्ता ईवा चावला ने मंच से भाषण न देते हुए विद्यार्थियों से सीधे संवाद किया । वे जो सीख देना चाह रही थी प्रश्नों के माध्यम से विद्यार्थियों से ही कहलवाया। आपने कहा कि पढाई तो सबने की, फिर सबको रोजगार क्यों नहीं मिलता ? पढाई के उपर भी गुण होना चाहिये जैसे स्किल एवं अपने सहयोगियों के साथ उचित व्यवहार। कोई भी काम छोटा या बडा नही होता। प्रारंभ मे आपको कोई भी कम करने को तैयार रहना चाहिये, आपको मन से क्या पसन्द है ? आपका पैशन किया है । यह सोच-समझ कर स्किल डेवलप करें ।

मेले में विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करते हुए प्राचार्य डॉ. संजय वाते ने कहा कि महाविद्यालय के करियर मार्गदर्शन प्रकोष्ठ द्वारा रोजगार प्रदान करने एवं उद्यमी बनाने की दिशा में निरन्तर प्रयास किये जाते है। विद्यार्थी इनका लाभ ले एवं भविष्य में एक बडा मुकाम हासिल करे ताकि महाविद्यालय आप पर गौरव कर सके और एक दिन सफल उद्यमी के रूप में सम्मानित कर  सके।

नवाचार के रूप में मेले में फूड जोन एवं ब्यूटी सैलून के स्टाल भी लगाये गए। महाविद्यालय में अल्पावधि रोजगार प्रशिक्षण कार्यक्रम से प्रेरित होकर महाविद्यालय के पूर्व छात्र विकास गौड ने उद्यमी बनने का तय कर बैंगलोर में फास्ट फूड का प्रशिक्षण प्राप्त किया और बिना लाभ के अपना स्टाल लगाया। इसी तरह ब्यूटी सैलून का कोर्स कर रहे विद्यार्थियों द्वारा भी मेले में निःशुल्क हेयर कटिंग एवं ब्यूटी टिप्स का स्टाल ब्यूटीशियन पार्वती पंवार के मार्गदर्शन में लगाया गया जिसे विद्यार्थियों ने सराहा। कार्यक्रम का संचालन ट्रेनिंग एवं प्लेसमेंट अधिकारी प्रो. दिनेश बौरासी ने किया तथा आभार मेला प्रभारी डॉ. स्वाति पाठक ने किया।