Home रतलाम प्राधिकरण की परशुराम विहार योजना के हितग्राहियों को बड़ी राहत संचालक...

प्राधिकरण की परशुराम विहार योजना के हितग्राहियों को बड़ी राहत संचालक मण्डल के निर्णयानुसार जिन हितग्राहियों के भूखण्डों के आकार में कोई वृद्धि नहीं, उनकी रजिस्ट्री तत्काल प्रारंभ होगी

रतलाम 6 सितम्बर 2019/ रतलाम विकास प्राधिकरण की श्री परशुराम विहार योजना के हितग्राहीजिनके भूखण्ड़ों के आकार में कोई वृद्वि नहीं हुई हैउनके भूखण्ड़ों की रजिस्ट्री प्राधिकरण तत्काल प्रारम्भ करेंगा । योजना के हितग्राहीयों के हक में एक बड़ा फेसला लेते हुए जिला कलेक्टर एवं प्राधिकरण अध्यक्ष श्रीमती रूचिका चौहान की अध्यक्षता में आयोजित संचालक मण्ड़ल की बैठक में आवंटियों को उक्त निर्णय द्वारा एक बड़़ी राहत दी गई है ।

ज्ञातत्व है कि प्राधिकरण द्वारा उक्त योजना में 229 भूखण्ड़ों में से 211 भूखण्ड़ों का वर्ष 2013 एवं 2015 में व्ययन किया गया था जिसमें से 53 भूखण्ड़ों के क्षेत्रफल में वृद्वि,83 भूखण्ड़ों के क्षेत्रफल में कमी एवं 75 भूखण्ड़ों के क्षेत्रफल में अंतिम माप में कोई परिर्वतन नहीं पाया गया ।

आज सम्पन्न प्राधिकरण संचालक मण्डल की बैठक के निर्णयानुसार आकार में वृद्धि वाले 53 भूखण्डों को छोड़ कर शेष 158 भूखण्डों  के पटटाभिलेख एवं रजिस्ट्री की कार्यवाही तत्काल प्रारम्भ की जावेंगी । वृद्वित क्षेत्रफल वाले भूखण्ड़ों के बढ़े हुए आकार का दर निर्धारण वित्तीय वर्ष 2017-18 में परशुराम विहार योजना क्षेत्र हेतु निर्धारित कलेक्टर गाईड लाईन के मान से गणित किया जावेंगा । उल्लेखनीय है कि वृद्वित क्षेत्रफल वाले भूखण्ड़ों की दर निर्धारण के संबंध में प्राधिकरण ने पूर्व में आयोजित संचालक मण्ड़ल की बैठक के निर्णय अनुसार उपमहाधिवक्ता, मा. उच्च न्यायालय,इन्दौर से विधिक परामर्श लिया गया था । प्राप्त परामर्श अनुसार भी वृद्वित क्षेत्रफल वाले भूखण्ड़ों के बड़े हुए आकार का दर निर्धारण तत्समय क्षेत्र हेतु प्रचलित कलेक्टर गाईड लाईन के मान से लिया जाना होगा । इस आधार पर उनसे वृद्वित क्षेत्रफल की राशि ली जाकर तदुपरांत पटटाभिलेख एवं रजिस्ट्री की कार्यवाही की जायेगी ।

संचालक मण्ड़ल द्वारा लिये गये एक अन्य निर्णयानुसार प्राधिकरण की यातायात नगर योजना का क्रियान्वयन ग्राम सालाखेड़ी में किया जावेंगा । पूर्व में प्राधिकरण को उक्त योजना हेतु ग्राम मांगरोल एवं खाराखेड़ी में जिला प्रशासन द्वारा आरक्षित की गई थी परन्तु वह नगर विकास योजना-2021 अनुसार नगरीय क्षेत्र से बाहर तथा मास्टर प्लान में यातायात नगर हेतु प्रावधानित न होने के कारण योजना हेतु उपयुक्त नहीं पाई गई थी । संचालक मण्ड़ल की गत बैठक में योजना के क्रियान्वयन हेतु उपयुक्त स्थल चयन की दृष्टि से नगर निगम,नगर तथा ग्राम निवेश एवं पी.आई.यू. के कार्यपालन यंत्रियों की सदस्यता में एक त्रिस्तरीय समिति गठित की गई थी। समिति द्वारा स्थल निरीक्षण किया गयाजिस अनुसार रतलाम विकास योजना-2021 में ट्रांसपोर्ट नगर हेतु ग्राम सालाखेड़ी में मास्टर प्लान अनुसार प्रावधानित भूमि ही  ट्रांसपोर्ट नगर योजना हेतु उपयुक्त पाई गई तथा प्राधिकरण द्वारा खाराखेड़ी एवं मांगरोल स्थित भूमि जो प्राधिकरण के हित में आरक्षित की गई थी को निरस्त करने तथा सालाखेड़ी की भूमि प्राधिकरण के पक्ष में आरक्षित किये जाने हेतु जिला प्रशासन को पत्र प्रेषित किये जाने का भी निर्णय लिया गया है ।

प्राधिकरण की आवासीय योजना मॉं कालिका विहार को नगर निगम को हस्तांतरित किये जाने के संबंध में भी संचालक मण्ड़ल द्वारा निर्णय लेते हुए योजना के अपूर्ण विकास कार्यो को पूर्ण किये जाने हेतु सैद्वान्तिक स्वीकृति प्रदान की गई । इस हेतु पूर्व में गठित 5 विभागों की समिति के सुझावों के अनुसार अपूर्ण विकास कार्यो को पूर्ण कराये जाने हेतु प्राक्कलन तैयार करवाये जावेंगे एवं साथ ही उक्त योजना में  अविक्रीत भूखण्ड़ों के व्ययन हेतु भी कार्यवाही प्रारम्भ की जावेंगी । ज्ञातव्य है कि उक्त योजना में 135 भूखण्ड़ों का व्ययन किया जाना शेष है । वही प्राधिकरण की अन्य अविक्रीत सम्पत्तियों के व्ययन की कार्यवाही भी तेजी से प्रारम्भ किये जाने के संचालक मण्ड़ल द्वारा निर्देश दिये गये । कलेक्टर एवं प्राधिकरण अध्यक्ष के निर्देशानुसार सम्पत्तियों के ऑंनलाईन व्ययन हेतु पोर्टल तैयार किये जाने की प्रक्रिया भी प्राधिकरण प्रारम्भ करेगा ।

बैठक में प्राधिकरण के वित्तीय वर्ष 2019-20 के बजट प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई । प्राधिकरण को वित्तीय वर्ष 2019-20 में नवीन योजनाओं में स्थित भूखण्ड़/भवनों के व्ययन से कुल आय राशि रूपये 2286.60 लाख आशान्वित है । वही निर्माण तथा अन्य नियमित व्ययों पर लगभग राशि रूपये 2271.45 लाख व्यय होना प्रस्तावित किया गया है । इस प्रकार वित्तीय वर्ष 2019-20 हेतु प्राधिकरण को रूपये 15.15 लाख की बचत होना अनुमानित है । बजट प्रस्ताव अनुसार प्राधिकरण को पूर्व की योजनाओं से रू. 854.50 लाखनवीन योजनाओं से रू. 1320.00 लाख अनुदान से 50.00 लाखब्याज से रू 10.10 लाख तथा विविध मदों एवं कर कटौत्रा से रू. 62.00 लाख अनुमानित है। वहीं प्राधिकरण की पूर्व की योजनाओं के संधारणन तथा अन्य निर्माण कार्यो पर रू. 356.90 लाखनवीन योजनाओं पर रू.1600.00 लाखस्थापना पर रू. 117.60 लाखआकस्मिक/कटिन्जेन्सी व्यय पर रू. 144.95 लाख तथा विविध व्ययों पर रू. 52.00 लाख का व्यय का प्रावधान किया गया है। 

प्राधिकरण संचालक मण्ड़ल की आज आयोजित बैठक में प्राधिकरण की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती जमुना भिड़ेनगर निगम आयुक्त श्री एस.के.सिंहनगर ग्राम निवेश विभाग के उपसंचालक श्री गोरेलाल वर्माम.प्र. विद्युत मण्ड़लवन विभाग,लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारीगण, प्राधिकरण के कार्यपालन यंत्री श्री चन्द्रशेखर नीम सहित प्राधिकरण के अधिकारी/ कर्मचारीगण उपस्थित थे।