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राशन घोटाला : 10 हजार रुपए का इनामी फरार आरोपी ठेकेदार रतलाम रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार

रतलाम,7फरवरी(खबरबाबा.काम)। लगभग 10 करोड़ के बहुचर्चित राशन घोटाले में आरोपी  तत्कालीन डाटा इंट्री ठेकेदार यशवंत गंग  को पुलिस ने गुरुवार को  रतलाम रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया है।

स्टेशन रोड थाना प्रभारी राजेंद्र वर्मा ने इस मामले में जानकारी देते हुए बताया कि राशन घोटाले में आरोपी ठेकेदार यशवंत गंग को पुलिस प्रकरण दर्ज होने के बाद से तलाश कर रही थी। सूचना के आधार पर  गुरुवार सुबह आरोपी को रतलाम स्टेशन से पुलिस ने गिरफ्तार किया। आरोपी पर 10 हजार रूपये का इनाम भी था।

क्या है पुरा मामला

शहर की राशन दुकानों पर बडी संख्या में फर्जी गरीबी राशन कार्डो के आधार पर सस्ता राशन बेचे जाने की शिकायतें मिलने के बाद तत्कालीन कलेक्टर बी.चन्द्रशेखर ने 26 अप्रैल 2017 को राशन दुकानों की जांच के आदेश दिए थे। जांच के दौरान जांच दलों ने एक-एक राशन दुकानों पर पहुंच कर राशन कार्डों को सत्यापित करने का काम किया। करीब आठ महीने चली जांच में हजारों की संख्या में फर्जी परिवारों का पता चला, जिनके नाम पर गरीबी रेखा के राशन कार्ड बनाए गए थे और सस्ता अनाज इन राशन कार्डो के नाम पर आवंटित कर खुले बाजार में महंगे दामों पर बेचा जा रहा था। जांच के दौरान  हर राशन की दुकान में औसत 1 करोड़ से ज्यादा का घोटाला मिला है। कुल 8 दुकानों की जांच की गई जिसमें 9.80 करोड़ का घोटाला सामने आया है। इस मामले में जांच के बाद खाद्य एनं निगम में पदस्थ अधिकारियों सहित आठ राशन दुकान संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था।

सिर्फ 8 दुकानों की जांच में 10 करोड़ का घोटाला

तत्कालिन सिटी एसडीएम अनिल भाना द्वारा आठ राशन दुकानों की जांच में कुल 9 करोड 80 लाख रुपए का घोटाला सामने आया था। जांच रिपोर्ट के आधार पर 14 जनवरी 2018 को शहर एसडीएम अनिल भाना  ने स्वयं स्टेशन रोड थाने पर पहुंच कर शासकीय अधिकारियों व राशन दुकान संचालकों के विरुद्ध आपराधिक प्रकरण दर्ज करवाए। इस मामले में  जिला आपूर्ति अधिकारी रमेशचन्द्र जांगडे, कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी वंदना बंबेरिया, सहा.आपूर्ति अधिकारी मुकेश पाण्डे, नगर निगम के तत्कालीन स्वास्थ्य अधिकारी राजेन्द्र सिंह पंवार, तत्कालीन स्वास्थ्य निरीक्षक रवीन्द्र ठक्कर, पोर्टल ठेकेदार यशवन्त गंग तथा आठ राशन दुकान संचालकों के विरुद्ध गबन,धोखाधडी, कूट रचित दस्तावेजों से षडयंत्र करना, आवश्यक वस्तु अधिनियम और आईटी एक्ट इत्यादि की विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किए है। पुलिस के अनुसार इस मामले में  यशवंत गंग के गिरफ्तार होने के बाद सभी नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।