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विधि दिवस पर वरिष्ठों की सीख-व्यस्त रहो, मस्त रहो,जिला अभिभाषक संघ ने किया वरिष्ठों का सम्मान

रतलाम(खबरबाबा.काम)। जिला अभिभाषक संघ ने शनिवार को विधि दिवस समारोह पूर्वक मनाया। समारोह में रतलाम जिले में पचास वर्ष से अधिक वकालत कर चुके 9 वरिष्ठ अभिभाषकों का सम्मान किया गया। सम्मान के बाद वरिष्ठों ने कहा कि जीवन में व्यस्त और मस्त रहना ही सबसे बड़ी उपलब्धि है। वकालत का पेशा काफी गरिमापूर्ण होता है। प्रत्येक अभिभाषक को इसकी गरिमा का निर्वाह करना चाहिए।
समारोह की शुरुआत संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आम्बेडकर के चित्र पर माल्यार्पण से हुई। आरंभ में ही जिला अभिभाषक संघ के अध्यक्ष संजय पंवार, सचिव दीपक जोशी, उपाध्यक्ष पीएन तिवारी, सहसचिव लोकेंद्रसिंह गेहलोत, कोषाध्यक्ष भंवरसिंह हाड़ा, पुस्तकालय सचिव तरुण शर्मा आदि ने पचास वर्ष से अधिक वकालत कर चुके वरिष्ठ अभिभाषकों लालचंद्र ऊबी, एमए खान, चंद्रसिंह पंवार, हरीराम पाटीदार, बाबूलाल मेहता, बद्रीलाल रावतिया, रतिचंद चौहान, चांद खान मोयल, सुरेशचंद्र केलवा का शॉल एवं श्रीफल से सम्मान किया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश मत्युंजय सिंह इस मौके पर कहा कि वरिष्ठ अभिभाषकों से बहुत कुछ सीखा जा सकता है। वे न्यायालय की गरिमा का पूर्णत: पालन करते हैं। तर्कपूर्ण बात रखते हैं और कभी उत्तेजित नहीं होते। उन्हें उम्मीद है कि रतलाम के अभिभाषक गण अपने वरिष्ठों से अनुभवों का लाभ लेंगे। सम्मानित अभिभाषकों ने अपनी स्वर्णिम वकालत के अनुभव साझा करते हुए कहा कि यह पेशा बहुत गरिमा वाला है। इसमें ज्ञान की कोई सीमा नहीं है। अच्छी वकालत के लिए निरंतर अध्य्यनशील रहना चाहिए। उन्होंने न्यायाधीशों से नए अभिभाषकों को प्रोत्साहित करने का आव्हान भी किया।
वकील सबसे ताकतवर, बशर्ते घबराएं नहीं
विधि दिवस समारोह के मुख्य वक्ता उच्च न्यायालय के वरिष्ठ अभिभाषक अनिल त्रिवेदी ने वकीलों को दुनिया का सबसे ताकतवर व्यक्ति निरूपित किया। उन्होंने कहा वकील यदि घबराए नहीं और ज्ञान की गहराईयों से दूर न हो तो कभी कमजोर नहीं पड़ेगा। देश का इतिहास गवाह है कि बड़े से बड़े व्यक्ति को भी मुकदमेबाजी में वकीलों की मदद लेना पड़ती है। उन्होंने कहा कि एक वकील में ज्ञान की भूख कभी खत्म नहीं होनी चाहिए और उसे सदैव निर्भय रहना चाहिए। प्रारंभ में सेवानिवृत्त उपसंचालक अभियोजन कैलाश व्यास ने विषय प्रवर्तन किया। संघ के पूर्व अध्यक्ष शांतिलाल मालवीय ने अतिथि परिचय दिया। अतिथियों का स्वागत संघ पदाधिकारियों के साथ कार्यकारिणी सदस्य मंजू सोनी, हरीसिंह गौढ़, मनीष शर्मा, वर्षा देवड़ा, अजयसिंह चंद्रावत, बालमुकुंद पाटीदार, अमृतलाल व्यास, प्रदीप भट्ट और दिलीप परमार ने किया। समारोह का संचालन अभिभाषक युसूफ जावेदी ने किया। आभार सचिव दीपक जोशी ने माना। इस दौरान न्यायाधीशगण एवं बड़ी संख्या में अधिवक्ता उपस्थित थे।