रतलाम, 11 सितम्बर (खबरबाबा. कॉम)। जिले के शिवगढ़ थाना क्षेत्र के नयाखेड़ा गांव में शुक्रवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब 36 वर्षीय आंगनबाड़ी कार्यकर्ता का शव उसके ही घर के बरामदे में खून से लथपथ मिला। महिला के सिर पर धारदार हथियार से वार के गहरे निशान हैं। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में हत्या की आशंका जताते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है।
मृतका की पहचान देवीबाई पति स्वर्गीय रायसिंह डामोर निवासी नयाखेड़ा के रूप में हुई है। शुक्रवार सुबह गांव का अन्नुसिंह रोज की तरह खेत पर काम करने जा रहा था। रास्ते में देवीबाई के घर के सामने से गुजरते समय उसकी नजर बरामदे में पड़ी।
देवीबाई आमतौर पर बरामदे में खाट पर सोती थी, लेकिन शुक्रवार सुबह वह जमीन पर पड़ी दिखाई दी। अन्नुसिंह ने पास जाकर देखा तो देवीबाई खून से लथपथ थी और उसके सीधे कान के पास सिर पर गहरी चोट के निशान थे। इसके बाद उसने तुरंत देवीबाई के देवर भूरालाल डामोर को घटना की सूचना दी।
सूचना मिलते ही शिवगढ़ थाना प्रभारी आरके मकवाना और पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर पंचनामा बनाया और शव को पोस्टमार्टम के लिए रतलाम मेडिकल कॉलेज भेज दिया।
एएसपी और एफएसएल टीम ने की मौके पर जांच
घटना की गंभीरता को देखते हुए रतलाम से एएसपी राकेश पंद्रों, एफएसएल अधिकारी डॉ. अतुल मित्तल सहित रावटी और सरवन थाना प्रभारी भी नयाखेड़ा पहुंचे। पुलिस और एफएसएल टीम ने घटनास्थल की बारीकी से जांच की तथा आसपास के लोगों से पूछताछ कर महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई।
शिवगढ़ पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में महिला की हत्या किए जाने की आशंका है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
दोनों बच्चे पढ़ाई के लिए गांव से बाहर
देवीबाई का बेटा गोलू रतलाम में कक्षा 11वीं में पढ़ाई कर रहा है, जबकि बेटी काजल सैलाना के हॉस्टल में रहकर सीएम राइज स्कूल में पढ़ती है। देवीबाई का मायका सरवन थाना क्षेत्र के सेमलखेड़ा में है।
जानकारी के अनुसार देवीबाई के पति रायसिंह डामोर की वर्ष 2012-13 में मौत हो चुकी थी। इसके बाद वह गांव में ही रहकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के रूप में कार्यरत थी। पुलिस अब महिला की मौत के पीछे के कारणों और घटना से जुड़े हर पहलू की जांच में जुटी है।