रतलाम,17अगस्त(खबरबाबा. कॉम)।युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा पर्यावरण के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से SYS ग्रुप द्वारा समाजसेवी डॉ राहुल पंजाबी के नेतृत्व में साइक्लोथान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में नागरिकों ने शहीद चौक से धामनोद स्थित साईं मंदिर तक करीब 14 किलोमीटर की साइकिल राइड की। इसके बाद साईं मंदिर परिसर में ध्यान एवं जुंबा का आयोजन किया गया।
आयोजक डॉ. राहुल पंजाबी ने बताया कि साइक्लोथान का उद्देश्य युवाओं को शारीरिक रूप से सक्रिय रखने के साथ ही स्वस्थ जीवनशैली और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना है। साइकिल राइड में बड़ी संख्या में नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इस अवसर पर नागरिकों को संबोधित करते हुए योग विशेषज्ञ शुभम झाला ने कहा कि ध्यान केवल आंखें बंद करके बैठने की प्रक्रिया नहीं, बल्कि स्वयं को जानने और अपने अस्तित्व की गहराई में उतरने की यात्रा है। जब व्यक्ति स्वयं को देखना शुरू करता है, तो उसे अपने विचारों, भावनाओं, भय, असुरक्षाओं और जीवन के दुखों के वास्तविक स्वरूप को समझने का अवसर मिलता है।
उन्होंने कहा कि ध्यान व्यक्ति को जीवन की कठिनाइयों से भागना नहीं, बल्कि उनके सामने जागरूकता और संतुलन के साथ खड़े होना सिखाता है। जीवन में दुःख, चुनौतियां और परेशानियां आती रहेंगी, लेकिन आंतरिक जागरूकता व्यक्ति को निराशा में टूटने से बचाती है।
शुभम झाला ने कहा कि जब मनुष्य स्वयं को देखना शुरू करता है, तब धीरे-धीरे उसे यह समझ आने लगता है कि वह केवल अपनी परिस्थितियां, विचार या समस्याएं नहीं है। उसके भीतर एक विराट चेतना भी मौजूद है। स्वयं को जानना जीवन की सबसे महत्वपूर्ण यात्राओं में से एक हो सकता है।
डॉ राहुल पंजाबी ने कहा कि आज के युवा के लिए केवल शारीरिक स्वास्थ्य पर्याप्त नहीं है। शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक स्पष्टता, भावनात्मक संतुलन और आंतरिक जागरूकता भी आवश्यक है। ध्यान के माध्यम से व्यक्ति अपने मन और चेतना को समझते हुए जीवन को अधिक शांत, संतुलित और आनंदपूर्ण बना सकता है।
उन्होंने कहा कि प्रयास केवल लोगों को ध्यान करवाने तक सीमित नहीं है, बल्कि ध्यान में उतरने की कला को जन-जन तक पहुंचाना है, ताकि प्रत्येक व्यक्ति अपने भीतर झांक सके, स्वयं को जान सके और जीवन को अधिक जागरूकता, शांति एवं आनंद के साथ जी सके।
