रतलाम, 17 सितंबर(खबरबाबा. कॉम)। नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ रतलाम पुलिस ने कार्रवाई का दायरा अब तस्करों की संपत्ति तक बढ़ा दिया है। एसपी अमित कुमार के निर्देशन में पुलिस की कार्रवाई में दो अलग-अलग प्रकरणों में नशा तस्करी से जुड़े आरोपियों और उनके परिजनों की करीब एक करोड़ रुपए मूल्य की संपत्ति फ्रीज की गई है। मुंबई स्थित SAFEMA/NDPSA सक्षम प्राधिकारी ने दोनों मामलों में फ्रीजिंग आदेशों की पुष्टि कर दी है।
इनमें 545 किलो डोडा चूरा तस्करी के मामले में दोषी पाए जा चुके आरोपी की करीब 70 लाख रुपए मूल्य की कृषि भूमि तथा नशा तस्करी से जुड़े एक परिवार की करीब 30 लाख रुपए मूल्य की संपत्ति शामिल है।
पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई नशा तस्करों की गिरफ्तारी और उनके खिलाफ न्यायालयीन कार्रवाई से आगे बढ़ते हुए अवैध कारोबार से अर्जित धन और उससे बनाई गई संपत्तियों पर आर्थिक प्रहार के रूप में की जा रही है।
545 किलो डोडा चूरा मामले में 70 लाख की कृषि भूमि फ्रीज
पहले प्रकरण में थाना औद्योगिक क्षेत्र जावरा पुलिस ने आरोपी गोविंद सिंह निवासी थाना दलौदा, जिला मंदसौर के विरुद्ध अपराध दर्ज किया था। इस मामले में पुलिस ने 545 किलोग्राम डोडा चूरा बरामद किया था।
विशेष NDPS न्यायालय जावरा ने मामले में गोविंद सिंह को 5 अप्रैल 2022 को 10 वर्ष के सश्रम कारावास और 1.50 लाख रुपए के अर्थदंड से दंडित किया था।
पुलिस द्वारा नशे के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्ति के संबंध में NDPS Act की धारा 68F(1) के तहत 22 अगस्त 2026 को फ्रीजिंग की कार्रवाई की गई। इसके तहत ग्राम अकिया उमहेड़ा स्थित दो कृषि भूमियों को फ्रीज किया गया है। इनकी अनुमानित कीमत करीब 70 लाख रुपए बताई गई हैSAFEMA/NDPSA सक्षम प्राधिकारी, मुंबई ने उक्त फ्रीजिंग कार्रवाई की पुष्टि कर दी है।
नशा तस्करी से जुड़े परिवार की 30 लाख की संपत्ति फ्रीज
दूसरे प्रकरण में थाना औद्योगिक क्षेत्र जावरा पुलिस ने असलम खान और उस्मान खान पिता मुन्ना खानके विरुद्ध केस में कार्रवाई की थी।
इस मामले में NDPS Act की धारा 8, 15, 18, 25 और 29 के तहत अपराध दर्ज किया गया था। असलम खान को 24 अक्टूबर 2024 तथा उस्मान खान को 11 दिसंबर 2024 को गिरफ्तार किया गया था।पुलिस ने नशा तस्करी से जुड़ी अवैध आय से संपत्ति अर्जित किए जाने के संबंध में आवश्यक जानकारी और दस्तावेज जुटाकर प्रस्ताव तैयार किया। इसके बाद 21 अगस्त 2026 को फ्रीजिंग की कार्रवाई की गई।
इस कार्रवाई में ग्राम उमठपालिया स्थित पक्का मकान और रतलाम शहर स्थित एक अन्य मकान को फ्रीज किया गया है। दोनों संपत्तियों का अनुमानित मूल्य करीब 30 लाख रुपए है। SAFEMA/NDPSA सक्षम प्राधिकारी, मुंबई ने इस फ्रीजिंग आदेश की भी पुष्टि कर दी है।
अब नशे के कारोबार की आर्थिक जड़ पर प्रहार
दोनों मामलों को मिलाकर करीब एक करोड़ रुपए की संपत्ति पर फ्रीजिंग की कार्रवाई हुई है। पुलिस का कहना है कि नशे के अवैध कारोबार को केवल तस्करों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रखा जा रहा है, बल्कि उससे होने वाली अवैध कमाई और उस धन से बनाई गई संपत्तियों को चिन्हित कर आर्थिक नेटवर्क पर भी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रतलाम ग्रामीण विवेक कुमार लाल के मार्गदर्शन में हुई इस कार्रवाई में उप पुलिस अधीक्षक प्रकाश गडरिया, थाना प्रभारी औद्योगिक क्षेत्र जावरा, सउनि दिनेश चंद्र नागर, प्रधान आरक्षक मनीषा पाटीदार और आरक्षक सुनीता जाट की सराहनीय भूमिका रही।
पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने कहा कि नशा तस्करों को गिरफ्तार कर जेल भेजना कार्रवाई का एक हिस्सा है। नशे के अवैध कारोबार से अर्जित धन और उससे बनाई गई संपत्ति पर प्रहार करना भी उतना ही जरूरी है। रतलाम पुलिस नशे के कारोबार की आर्थिक जड़ तक पहुंचकर उसके नेटवर्क को कमजोर करने के लिए लगातार कार्रवाई करेगी।